US Visa Ban: अमेरिका की इमिग्रेशन नीति में एक बार फिर बड़ा और सख्त बदलाव देखने को मिला है। डोनाल्ड ट्रंप प्रशासन ने 75 देशों के नागरिकों के लिए इमिग्रेंट वीज़ा प्रोसेसिंग अस्थायी रूप से रोकने का फैसला किया है। यह फैसला 21 जनवरी 2026 से लागू माना जा रहा है और इसका सीधा असर लाखों लोगों की अमेरिका में बसने की योजनाओं पर पड़ सकता है।
यह रोक खासतौर पर ग्रीन कार्ड और स्थायी निवास (Permanent Residency) से जुड़े वीज़ा आवेदनों पर लागू होगी।
US Visa Ban: क्या है पूरा मामला?
अमेरिकी सरकार के अनुसार, जिन 75 देशों को इस सूची में शामिल किया गया है, वहां से आने वाले कई आवेदकों के बारे में आशंका जताई गई है कि वे अमेरिका पहुंचने के बाद सरकारी सहायता (Public Benefits) पर निर्भर हो सकते हैं। इसी आधार पर ट्रंप प्रशासन ने “Public Charge Rule” को सख्ती से लागू करने का फैसला लिया है।
सरल शब्दों में कहें तो अमेरिका अब उन लोगों को स्थायी रूप से बसने की इजाज़त नहीं देना चाहता, जिनके बारे में सरकार को लगता है कि वे भविष्य में अमेरिकी टैक्सपेयर्स पर आर्थिक बोझ बन सकते हैं।
किन वीज़ा पर लगेगी रोक?
यह समझना बेहद जरूरी है कि यह फैसला सभी वीज़ा कैटेगरी पर लागू नहीं है।
रोक लगेगी
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इमिग्रेंट वीज़ा
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ग्रीन कार्ड
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फैमिली-बेस्ड परमानेंट रेजिडेंसी
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जॉब-बेस्ड परमानेंट रेजिडेंसी
रोक नहीं लगेगी (फिलहाल)
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टूरिस्ट वीज़ा
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स्टूडेंट वीज़ा
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बिज़नेस वीज़ा
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वर्क वीज़ा (जैसे H-1B)
हालांकि, गैर-इमिग्रेंट वीज़ा के मामलों में भी अब कड़ी जांच और सख्त इंटरव्यू की संभावना बढ़ गई है।
ट्रंप प्रशासन ने यह फैसला क्यों लिया?
अमेरिकी सरकार का कहना है कि इस कदम के पीछे तीन मुख्य वजहें हैं:
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सरकारी खर्च पर नियंत्रण – ताकि नए प्रवासी वेलफेयर स्कीम्स पर निर्भर न हों
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इमिग्रेशन सिस्टम की सख्त जांच – फर्जी या कमजोर आर्थिक प्रोफाइल वाले आवेदकों को रोकना
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राष्ट्रीय सुरक्षा और आर्थिक स्थिरता – अमेरिका के संसाधनों पर दबाव कम करना
ट्रंप प्रशासन पहले भी इमिग्रेशन को लेकर सख्त रुख अपनाता रहा है और यह फैसला उसी नीति का विस्तार माना जा रहा है।
ये हैं वो 75 देश, जिन पर लगी इमिग्रेंट वीज़ा रोक
नीचे उन सभी 75 देशों की पूरी सूची दी जा रही है, जिनके नागरिकों के लिए इमिग्रेंट वीज़ा प्रोसेसिंग रोकी गई है:
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Afghanistan
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Albania
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Algeria
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Antigua and Barbuda
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Armenia
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Azerbaijan
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Bahamas
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Bangladesh
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Barbados
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Belarus
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Belize
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Bhutan
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Bosnia and Herzegovina
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Brazil
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Myanmar (Burma)
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Cambodia
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Cameroon
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Cape Verde
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Colombia
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Ivory Coast
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Cuba
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Democratic Republic of the Congo
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Dominica
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Egypt
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Eritrea
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Ethiopia
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Fiji
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Gambia
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Georgia
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Ghana
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Grenada
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Guatemala
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Guinea
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Haiti
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Iran
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Iraq
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Jamaica
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Jordan
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Kazakhstan
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Kosovo
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Kuwait
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Kyrgyzstan
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Laos
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Lebanon
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Liberia
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Libya
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North Macedonia
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Moldova
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Mongolia
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Montenegro
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Morocco
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Nepal
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Nicaragua
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Nigeria
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Pakistan
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Republic of the Congo
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Russia
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Rwanda
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Saint Kitts and Nevis
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Saint Lucia
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Saint Vincent and the Grenadines
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Senegal
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Sierra Leone
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Somalia
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South Sudan
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Sudan
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Syria
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Tanzania
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Thailand
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Togo
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Tunisia
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Uganda
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Uruguay
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Uzbekistan
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Yemen
क्या भारत इस सूची में शामिल है?
👉 नहीं।
भारत का नाम इस 75 देशों की सूची में शामिल नहीं है। इसका मतलब यह है कि भारतीय नागरिकों पर फिलहाल यह इमिग्रेंट वीज़ा रोक लागू नहीं होती। हालांकि, भविष्य में नियमों में बदलाव की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता।
इस फैसले का असर किन लोगों पर पड़ेगा?
इस फैसले से सबसे ज्यादा प्रभावित होंगे:
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वे लोग जो अमेरिका में परिवार के जरिए स्थायी निवास चाहते थे
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वे प्रोफेशनल्स जो ग्रीन कार्ड के लिए आवेदन करने वाले थे
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वे परिवार जिनकी फैमिली रीयूनिफिकेशन प्रक्रिया चल रही थी
कई मामलों में आवेदन लंबे समय तक अटके रह सकते हैं या फिर पूरी प्रक्रिया दोबारा शुरू करनी पड़ सकती है।
क्या यह रोक स्थायी है?
अमेरिकी सरकार ने साफ किया है कि यह फैसला अस्थायी है, लेकिन इसकी कोई तय समाप्ति तारीख नहीं बताई गई है। यानी यह रोक कुछ महीनों तक भी चल सकती है और लंबे समय तक भी।
अमेरिका का यह कदम साफ तौर पर दिखाता है कि ट्रंप प्रशासन इमिग्रेशन को लेकर कोई नरमी बरतने के मूड में नहीं है। 75 देशों के लिए इमिग्रेंट वीज़ा प्रोसेसिंग पर रोक एक ऐसा फैसला है, जो वैश्विक स्तर पर लाखों लोगों की ज़िंदगी और योजनाओं को प्रभावित करेगा।
जहां सरकार इसे आर्थिक और सुरक्षा से जुड़ा जरूरी कदम बता रही है, वहीं आलोचकों का मानना है कि इससे कानूनी इमिग्रेशन भी नुकसान में आ सकता है।
आने वाले समय में यह देखना दिलचस्प होगा कि अमेरिका इस नीति को आगे कैसे लागू करता है और क्या इसमें किसी तरह की राहत दी जाती है या नहीं।
