Zoho Pay UPI App: PhonePe और Google Pay के लिए खतरे की घंटी! Arattai के बाद अब Zoho लाने जा रहा है अपना UPI ऐप — “Zoho Pay”
भारत के डिजिटल पेमेंट मार्केट में अब एक और बड़ा झटका आने वाला है!
अब तक Google Pay, PhonePe और Paytm जैसी कंपनियाँ इस मैदान की बादशाह थीं, लेकिन अब भारतीय टेक दिग्गज Zoho Corporation इस रेस में उतरने की तैयारी में है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, Zoho जल्द ही अपना खुद का UPI-आधारित कंज्यूमर पेमेंट ऐप ‘Zoho Pay’ लॉन्च करने जा रहा है।
और यही है वो खबर जिसे देखकर बड़े-बड़े डिजिटल वॉलेट्स के माथे पर पसीना आ सकता है!
“Zoho Pay” क्या है और इसमें क्या खास होगा?
Zoho Pay एक नया UPI पेमेंट ऐप होगा जो यूज़र्स को आसानी से मनी ट्रांसफर, बिल पेमेंट, QR कोड स्कैन और बिज़नेस ट्रांजैक्शन जैसी सुविधाएँ देगा।
लेकिन इसका सबसे बड़ा “गेम-चेंजर” फीचर होगा — चैट के अंदर पेमेंट भेजने की सुविधा, यानी Zoho के मैसेजिंग ऐप Arattai के जरिए आप किसी को पैसे भेज सकेंगे, बिलकुल वैसे ही जैसे WhatsApp Pay में होता है।
यानि “Chat aur Pay” — दोनों एक ही जगह!
Zoho Pay क्यों बना चर्चा का विषय?
Zoho ने पहले से ही Zoho Payments नाम की एक सर्विस लॉन्च कर रखी है जो व्यवसायों को UPI और नेट बैंकिंग के ज़रिए पेमेंट स्वीकारने की सुविधा देती है।
अब कंपनी पहली बार कंज्यूमर (User-Side) मार्केट में कदम रख रही है।
कहा जा रहा है कि Zoho Pay फिलहाल इन-हाउस टेस्टिंग फेज़ में है और आने वाले महीनों में इसका पब्लिक लॉन्च हो सकता है।
Zoho Corporation के CEO श्रीधर वेम्बू कई बार कह चुके हैं कि वे “Made in India” टेक प्रोडक्ट्स पर फोकस कर रहे हैं, जो विदेशी ऐप्स का विकल्प बनें। यही वजह है कि Zoho Pay को लेकर लोगों में काफी उम्मीदें हैं।
Zoho Pay की स्ट्रैटेजी क्या होगी?
Zoho का मकसद सिर्फ एक “पेमेंट ऐप” बनना नहीं है, बल्कि एक ऑल-इन-वन डिजिटल इकोसिस्टम तैयार करना है —
जहां यूज़र्स चैट करें, इनवॉइस भेजें, पेमेंट करें, और सबकुछ एक ही जगह पर हो।
इसका फायदा ये होगा कि अगर आप Zoho के अन्य टूल्स (जैसे Zoho Books, Zoho Checkout, या Zoho Commerce) इस्तेमाल करते हैं, तो Zoho Pay सीधे उनसे जुड़ जाएगा — यानी एक ही प्लेटफ़ॉर्म पर आपका पूरा बिज़नेस चल सकेगा।
PhonePe और Google Pay के लिए बढ़ी टेंशन!
भारत में फिलहाल UPI मार्केट पर PhonePe (46%), Google Pay (35%), और Paytm (10%) का दबदबा है।
लेकिन Zoho जैसी भारतीय कंपनी के उतरने से ये समीकरण बदल सकता है।
Zoho के पास पहले से 70+ मिलियन यूज़र बेस, हजारों भारतीय बिज़नेस क्लाइंट्स, और एक मजबूत सॉफ्टवेयर इकोसिस्टम है।
अगर कंपनी सही मार्केटिंग और यूज़र-फ्रेंडली ऑफर्स लाती है, तो Zoho Pay भारत का अगला “Made in India UPI Powerhouse” बन सकता है।
यूज़र्स और बिज़नेस ओनर्स के लिए क्या फायदे होंगे?
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अधिक विकल्प – अब सिर्फ PhonePe या GPay पर निर्भर नहीं रहना होगा।
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बेहतर इंटीग्रेशन – Zoho Books और Zoho CRM से डायरेक्ट पेमेंट लिंकिंग।
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डेटा प्राइवेसी – Zoho का दावा है कि वह डेटा को तीसरे पक्ष को नहीं बेचता, जो एक बड़ा भरोसेमंद पॉइंट है।
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मेड इन इंडिया भरोसा – पूरी तरह भारतीय कंपनी का ऐप, जिसका डेटा भारतीय सर्वरों पर रहेगा।
लेकिन रास्ता आसान नहीं!
हालांकि Zoho Pay का आइडिया शानदार है, पर UPI मार्केट में एंट्री आसान नहीं।
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यूज़र-बेस बनाना सबसे बड़ी चुनौती होगी।
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GPay और PhonePe पहले से ही करोड़ों यूज़र्स के फोन में हैं।
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NPCI और RBI के रेगुलेशन्स का पालन करना भी जरूरी होगा।
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और सबसे महत्वपूर्ण: यूज़र-ट्रस्ट जीतना — क्योंकि एक बार पैसा ट्रांसफर में गड़बड़ी हुई, तो यूज़र फिर से नहीं लौटता!
“Desi Tech vs Global Giants” की अगली जंग शुरू!
Zoho Pay का लॉन्च निश्चित रूप से भारतीय डिजिटल पेमेंट मार्केट में नई हलचल पैदा करेगा।
अगर सबकुछ सही रहा, तो जल्द ही “Google Pay या PhonePe?” की जगह लोग पूछेंगे —
“Zoho Pay कर दें?”
भारत का टेक फ्यूचर अब सिर्फ ग्लोबल कंपनियों के हाथ में नहीं रहेगा —
क्योंकि अब मैदान में उतर रहा है हमारा अपना “Made in India Player” — Zoho Pay
